Ye Khali Raat

ये ख़ाली रात इंतज़ार से भर गई जब समेटने लगे तो मोहब्बत के सिवा कुछ ना मिला नींद को लेके कहीं दूर चलीं हैं, कुछ फ़िक्र की झुर्रियाँऔर जब मुड के देखा तो रुकी हुई सुइयों के सिवा कुछ ना मिला कदम बड़े हिसाब से उठे लहरों से बच कर ज़िंदगी चली पाओं के निशानContinue reading “Ye Khali Raat”

Spirit of the River

अपनी ही धुन में थिरकते पांव मदमस्तबेख़ौफ़ बेफ़िक्रदरिया की मौजकिनारों के अंकुश से कभी की वफ़ादारीतो कभी बनी बाग़ी दरिया की मौजचले समंदर की ओरअपनी सुदबुध छोड़ करअपनी पहचान भूल कर दरिया की मौजहिम की औलाद समंदर में समायीरह गयी तो बस दरिया की मौज

No goodbyes

दोस्तों के साथ छुट्टी का आया है मौक़ा भर के रखे खूबसूरत कपड़ेबस कोई नक़ाब नहीं रखा कुछ उसने किया कुछ हमने कर लिया सबसे बेहतर होने का ऐसा कोई ख़िताब नहीं रखा जितना सोचा उससे ज़्यादा खूबसूरत पाया जितनी सुंदर यादें बटोरी हैं वैसा तो कभी ख़्वाब में भी नहीं देखा कई नज़ारे देखेContinue reading “No goodbyes”

Colour of the sky

है आसमान में कौनसा रंग वो तो दिखता है हवा और बादलों में है बादलों में कौनसा रंग हल्के हैं, तो सफ़ेद भर गये, तो काले हवा मैं कौनसा रंग है सुबह का नीला है श्याम की लालिमा और रात का सावलापनहै आसमान अठरंगीहर रंग में ढाला वो देखती हैं आँखें जो हो मन मेंContinue reading “Colour of the sky”

Salagirah (Anniversary)

है सालगिरह आज लगता है पहली रात है बहुत साल हो गयेपर आज भी वैसा ही है चेहरे की झुर्रियों से उम्र का एहसास है दिल रूमानी कल भी था आज भी कुछ वैसा ही है कदम धीमे और लड़खड़ाने लगे हैं हाथों में हाथ कल भी था आज भी कुछ वैसा ही है तस्वीरेंContinue reading “Salagirah (Anniversary)”

Roshni ka Dayara “Boundaries of Light”

मेरी हस्ती का है रोशनी का दायरा रोशनी से लिपटा अंदर, साये से भरा रोका है मैंने रोशनी को नादान, उसके सामने खड़ातिनका उस रोशनी में रोक कर समझूँ अपने को बड़ाना हूँ मैं तो हो सिर्फ़ रोशनी पहचान जाऊँ जब अपनी असल कहानी नयी सुबह की भोर में दायरा सिकुड़ जाएगा बस रोशनी होगीसायाContinue reading “Roshni ka Dayara “Boundaries of Light””